क्यों मरते हो बेवफा सनम के लिए….
एक कद जगह भी नहीं मिलेंगे दफ़न के लिए…
मरना है तो हिन्द ये वतन के लिए मरो
हसीना भी दुपट्टा उतार देगी तुम्हारे कफ़न के लिए